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Najdik ya Dur ka Chashma Hataye ye Prayog | नजदीक या दूर का चश्मा हटाये ये प्रयोग | Tips to Remove Spectacles Eye Glasses

आँखों का चश्मा हटाने का उपाय ( Tips to Remove Spectacles )
बदलते खानपान और जीवनशैली की वजह से हर व्यक्ति के स्वास्थ्य पर प्रभाव पडा है जिस कारण ही आज लगभग हर दुसरे व्यक्ति की आँखों पर चश्मा लगा हुआ है, किसी की पास की आँखे खराब हो चुकी है तो कोई दूर का सही से नहीं देख पाता. सिर्फ युवा या वृद्ध व्यक्ति ही नहीं आजकल तो छोटे छोटे बच्चों की आँखों में समस्या रहने लगी है, इसकी वजह आनुवंशिक या छोटी उम्र में अधिक टीवी देखना या गेम खेलना हो सकता है. किन्तु आज हम आपको एक ऐसी भारतीय वन औषधि से परिचित कराने जा रहे है जिसका प्रयोग कर आप अपनी आँखों की रौशनी को पहले जैसी कर सकते है. इस औषधि का नाम है गोरखमुंडी. CLICK HERE TO KNOW नेत्रज्योति वृद्धि के लिए ... 
Najdik ya Dur ka Chashma Hataye ye Prayog
Najdik ya Dur ka Chashma Hataye ye Prayog
गोरखमुंडी ( Gorakhmundi ) :
वन औषधियों में अपना विशेष महत्व रखने वाली गोरखमुंडी की जड़, पत्ते, फल, फुल इत्यादि को अनेक रोगों से मुक्ति के लिए उपयोग किया जाता है. इसमें सर्दियों के समय में फल फुल इत्यादि लगते है और ये भारत के लगभग हर प्रान्त में मिलती है. इसकी खासियत और प्रसिद्धि को देखते हुए इसे अनेक नाम मिले हुए है जैसेकि नीमकदम्बिका, तपस्विनी, श्रावणी महामुंडी अरुणा. आयुर्वेद में इसको बहुत इस्तेमाल किया जाता है, ये अजीर्ण, अतिसार, मिर्गी, आधासीसी, गर्भाशय रोग, कुष्ठरोग, विष विकार, टीबी, पागलपन, वमन, पेट के कीड़े इत्यादि असंख्य रोगों को दूर करती है किन्तु इसकी गंद बहुत तीखी है. तो आओ अब जानते है कि गोरखमुंडी को आँखों के उपचार के लिए कैसे इस्तेमाल किया जा सकता है.

कमजोर आँखों में गोरखमुंडी का प्रयोग ( Use of Gorakhmundi in Weak Eyes ) :
ये उपाय जो हम आपको बताने जा रहे है ये एक सफल और आजमाया हुआ प्रयोग है, क्योकि ये प्रयोग पूरी तरह प्राकृतिक है तो इसको अपनाने वाले को किसी तरह की हानि नहीं होती. हो सकता है कि किसी व्यक्ति को इस प्रयोग के पूर्ण परिणाम मिले तो किसी को थोड़े कम पर परिणाम अवश्य मिलेंगे, कहने का तात्पर्य है कि अगर प्रयोग को अपनाने वाले का चश्मा उतरता नहीं है तो उसके चश्मे का नंबर अवश्य कम हो जाएगा. ऐसी स्थिति में उन्हें प्रयोग को कुछ दिन और अपनाना चाहियें.

इस प्रयोग को अपनाने वाले को आँखों में ही नही अन्य लाभ भी मिलते है जैसेकि ये सिर दर्द को दूर रखता है, बालों को काला रखता है, उन्हें झड़ने से बचाता है, ये बुद्धिवर्धक है, इसमें पाए जाने वाले रसायन आँखों को शत प्रतिशत शक्ति देते है और शरीर को जवान बनाते है. CLICK HERE TO KNOW चश्मा हटाने के घरेलू आयुर्वेदिक उपाय ... 
नजदीक या दूर का चश्मा हटाये ये प्रयोग
नजदीक या दूर का चश्मा हटाये ये प्रयोग
उपाय 1 ( Measure 1 ) :
जहाँ आपको गोरखमुंडी का पौधा दिख जाए आप उसे जड़ सहित उखाड़ लायें और इसकी जड़ को सुखाकर चूर्ण तैयार करें. जड़ से तैयार इस चूर्ण को आप रोजाना सुबह शाम ½ चम्मच की मात्रा में दूध के साथ लें. जबकि बाकी के पौधे का आपको पानी के साथ रस निकालना है, जितना रस निकले उसका ¼ हिस्सा देशी घी लेकर रस को पकाएं, रस को तब तक पकाते रहना है जब तक कि सारा रस ना उड़ जाए. इस घी को आप खाने में प्रयोग करें. शीघ्र ही आपकी आँखों की रौशनी वापस आ जायेगी.

उपाय 2 ( Measure 2 ) :
बाजार में गोरखमुंडी आसानी से मिल जाती है आप 100 ग्राम गोरखमुंडी घर लायें और पिस लें. अब इस पाउडर में 50 ग्राम गुड मिलाएं और कुछ बुँदे पानी मिलाकर पाउडर से छोटी छोटी गोलियाँ ( मटर के आकार की ) बनायें. इन गोलियों को भी रोजाना सुबह शाम दूध के साथ लेना है.
Tips to Remove Spectacles Eye Glasses
Tips to Remove Spectacles Eye Glasses
उपाय 3 ( Measure 3 ) :
इस उपाय से औषधि तैयार करने के लिए आपको लोहे, पीतल या एल्युमीनियम इन तीनों में से किसी एक धातु की कढाई चाहियेगी. उसके बाद आप 300 ग्राम गोरखमुंडी का चूर्ण लें और 100 ग्राम को छान लें. बाकी के चूर्ण को 500 ग्राम पानी में डालें और उसे तब तक उबालें जब तक पानी 300 ग्राम ना रह जाएँ. जब पानी 300 ग्राम रहता है तो आप इसे भी छान लें और नीचोड़ लें. नेचोड़ने पर जो पानी मिला है उसे आप कढाई में डालें और इसमें 100 ग्राम गुड डालकर पकाएं. एक समय ऐसा आएगा जब ये मिश्रण शहद के समान गाढा हो जाएगा. उस वक़्त आपको आंच बंद करनी है. अब इसे ठंडा होने दें. इस बात को सुनिश्चित कर लें कि ठंडा होने पर मिश्रण अधिक गाढा हो जाए अगर ऐसा ना हो तो आप मिश्रण को दोबारा पका सकते है. इस मिश्रण के ठंडा होने पर आप मिश्रण में पहले अलग किये 100 ग्राम गोरखमुंडी के चूर्ण को मिलाएं. हाथों पर थोडा सा देशी घी लगाकर मिश्रण को मटर के आकार की गोलियों की आकृति दें. अब आप 50 ग्राम चीनी या मिश्री पाउडर व 10 ग्राम छोटी पीसी हुई इलायची से एक मिश्रण तैयार करें और इस मिश्रण में आपको सारी गोलियाँ डालनी है, इससे गोलियाँ सुगन्धित हो जाती है. अंत में गोलियों को सूखने के लिए छाया में रखें और सूखने के बाद उनको उपयोग में लायें.
आँखों की ज्योति गोरखमुंडी
आँखों की ज्योति गोरखमुंडी
प्रयोग ( Use ) :
उपाय 3 में बनाई गोलियों को आप दिन में 2 बार हल्के गर्म दूध या पानी के साथ लें, आपको 1 समय में 1 ही गोली लेनी है किन्तु, अगर आप सर्दियों में इस उपाय को अपना रहें है तो आप गोलियों की संख्या 2 कर दें. कुछ दिनों के बाद आप खुद ही इन गोलियों के चमत्कार को महसूस करने लग जाओगे. ये आपको इतनी ऊर्जा देता है कि आप खूब मेहनत करने के बाद भी खुद को थका हुआ महसूस नहीं करते. अगर आपको 4 5 दिनों के बाद कोई प्रभाव नहीं दिखता तो इसे प्रयोग को बीच में ना छोड़ें बल्कि समय अवधि को बढ़ा लें. साथ ही ध्यान रखें कि आप गोलियों को समय समय पर धुप में जरुर रखें अन्यथा उनमें फफूंद लग जायेगी और वे आपके काम की नहीं रहेगी.

गोरखमुंडी के अन्य लाभ ( Other Benefits of Gorakhmundi ) :
·     आँख आना ( Conjunctivitis ) : गोरखमुंडी के 4 फल रोजाना पानी के साथ चबा चबाकर खाने से आँखों का दर्द दूर होता है और आँख नहीं आती, साथ ही ये उपाय आँखों की रौशनी को भी तेज करता है.
Aankhen Kamjor hai Apnaye ye Upay
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·     आँखें लाल होना ( Red Eyes ) : वहीँ प्रतिदिन गोरखमुंडी की 1 घुंडी को साबुत निगलने से लाल हुई आँखें भी ठीक हो जाती है. ये आँखों को अन्दर से ठंडक प्रदान करती है.

·     वात ( Air Problems ) : वात की समस्या से परेशान लोग समान मात्रा में गोरखमुंडी और सौंठ के चूर्ण को मिला लें और गर्म पानी के साथ लें. जल्द ही लाभ मिलेगा. एक अन्य उपाय के अनुसार आप गोरखमुंडी के पाउडर में थोडा शहद और देशी घी मिलाएं और उनकी गोलियाँ बनायें. इन गोलियों को सुबह शाम पानी या दूध के साथ लें.

·     कुष्ठ रोग ( Leprosy ) : गोरखमुंडी कुष्ठ रोगियों के लिए भी लाभदायी होती है, उन्हें इसके चूर्ण और नीम की छाल को मिलाकर एक काढा तैयार करना है और इस काढ़े का सुबह शाम सेवन करना है, धीरे धीरे उनका कुष्ठ रोग दूर होता है और वे खुद को स्वस्थ महसूस करते है.

·     फोड़े फुंसी ( Pimples and Acne ) : फोड़े फुंसी या खुजली होने पर आप गोरखमुंडी के बीजों से चूर्ण तैयार करें और उसमें बराबर मात्रा में शक्कर का पाउडर मिलाएं. इस मिश्रण को रोजाना सुबह 2 चम्मच पानी के साथ लें. ये त्वचा रोगों को दूर रखता है और शरीर में स्फूर्ति लाता है.

·     पथरी और पीलिया ( Stones and Jaundice ) : गोरखमुंडी से बना काढा पीने से शरीर के अनेक रोग ठीक होते है जिनमें पथरी और पीलिया भी शामिल है. 
Netron ki Sampurn Dekhbhaal
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·     शारीरिक ताकत ( Physical Strength ) : शारीरिक ताकत में वृद्धि के लिए आपको गोरखमुंडी की जड़ और पत्तों को सुखाकर उसे पिसना है और उसे गाय के दूध के साथ ½ चम्मच की मात्रा में प्रतिदिन लेना है. इस उपाय को आप जीवनभर प्रयोग में ला सकते है क्योकि ये शरीर को शक्ति देने के साथ साथ हमेशा रोगों से भी बचाकर रखता है.

·     बवासीर ( Hemorrhoids ) : आप गोरखमुंडी की जड़ से उसकी छाल को उतार लें और उसको सुखाकर चूर्ण बनायें. अब रोजाना दिन में दो बार इस चूर्ण को 1 चम्मच की मात्रा में मट्ठे के साथ लें. इसका लगातार सेवन बवासीर को जड़ से खत्म करता है. इसके अलावा इसकी जल्द को पीसकर बनाये लेप को बवासीर के मस्सों पर लगाने से भी लाभ मिलता है.

इसके अलावा अन्य रोगों में भी गोरखमुंडी का प्रयोग किया जा सकता है, गोरखमुंडी के रोगों में ऐसे ही अन्य प्रयोगों के बारे में जानने के लिए आप तुरंत नीचे कमेंट करके जानकारी हासिल कर सकते हो. 
Aankhon Drishti ki Chikitsa
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